बच्चों की आदत एवं गतिविधियों पर निग़ाह रखें- एडीजे श्री कुरैशी

बच्चों की आदतों एवं गतिविधियो पर निगाह रखे-एडीजे श्री कुरैशी एडीजे द्वारा बल संप्रेषण गृह का किया मुआयना
जशपुरनगर 09 मार्च 2020/ अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश (एफटीसी) श्री अब्दुल जाहिद कुरैशी ने बीते दिनों बाल संप्रेषण गृह किशोर न्याय बोर्ड जशपुर का मुआयना किया। इस दौरान उन्होंने बाल संप्रेषण गृह में निरूद्ध किशोरों को एवं उनके प्रकरणों के लिए आए पालकों व अन्य लोगों को विभिन्न मामलों के बारे में कानूनी जानकारी दी। इस मौके पर दहेज प्रताड़ना, घरेलू हिंसा से संबंधित कानूनी प्रावधानों के बारे में विस्तार से पूर्वक बताया गया। एडीजे श्री कुरैशी से कहा कि दहेज प्रताड़ना और घरेलू हिंसा की वजह से परिवार टूटते हैं। समाज में अपराध को बढ़ावा मिलता है। वैमनस्यता बढ़ती है। उन्होंने वर्तमान समय में मोबाईल एवं इंटरनेट के अत्यधिक उपयोग से होने वाले नुकसान के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी।
एडीजे श्री कुरैशी ने पालकों को मोबाईल एवं इंटरनेट की सुविधा मुहैया छोटे बच्चों को न उपलब्ध कराने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि बच्चे नासमझ होते हैं, वह इंटरनेट के माध्यम से कई तरह की गलत साईट देखते हैं। इसकी वजह से बुरे लोगों की संगत में पड़कर अपराध भी करने लगते हैं। उन्होंने कहा कि छोटे बच्चे चोरी, मारपीट, हत्या, बालात्कार जैसे अपराधों में संलिप्त हो रहे है। उनकी मानसिकता क्रूर हो रही है, जिसमें मोबाईल इंटरनेट जैसे साधनों महत्वपूर्ण भूमिका है। समाज में नशे की प्रवृत्ति बढ़ रही है। बच्चे भी इससे प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज परिवार और समाज के महत्वपूर्ण जिम्मेदारी बच्चों के भविष्य को बचाने की है। उन्होंने पालकों से बच्चों की आदतों, उनकी गतिविधियों पर निगाह रखने के साथ ही उन्हें अच्छी शिक्षा और संस्कार देने की अपील की।